शिशु को बोलना का कैसे सिखाये

शिशु को बोलना कैसे सिखाये, कैसे करे बेबी की मदद बोलने में, बेबी कब बोलना शुरू करता है

घर में छोटे शिशु की उपस्थिति किसी त्यौहार से कम नहीं होती। छोटे बेबी के बोलने का सब बहुत बेसब्री से इंतज़ार करते है।

बच्चे अपने माता पिता से ही बोलना सीखते है या यु कहे की बेबी जो सुनते है, देखते है वही सीखते है इसीलिए हम ही अपने शिशु की भाषा को सहज सकते है।

शिशु कब बोलता है ?

  • हमे ये जानकार हैरानी होगी की शिशु पैदा होते ही हमसे बात करने या हमे अपनी बाते समझाने लगता है। कभी रो कर और कभी हंस कर वह अपने हर हाल को हमे समझाता है।
  • चार महीने का बेबी आवाजों को पहचानना सिख जाते है। आवाज़ की तरफ मुड़ कर देखना, हसना या ना में सर हिलाना ये हाव भाव एक शुरुआत होती है शिशु को सबसे जोड़ने की।
  • पांच से आठ महीने के बेबी हकलाना म और ब तुतलाना शुरू कर देते है।
  • नौ माह से एक साल के शिशु मामा, दादा, पापा बोलना शुरू कर देते है।
  • एक साल से दो साल तक के बच्चे दो शब्द वाले अक्षर बोलना सिख जाते है, हमारी कहि बातो को अपनी टूटी फुंटी भाषा में बुदबुदाते है।
  • दो से तीन साल की उम्र के बेबी छोटे छोटे सवाल पूछना शुरू कर देते है। एक बार में एक बात समझने लगते है।
  • तीन से चार साल के बेबी प्लेवे स्कूल (छोटे स्कूल) में जाकर कविताये बोलना भी सिख जाते है।

पर उनकी प्राथमिक भाषा वही होती है जो वो हमसे सीखते है।

बेबी की बोलने और सिखने में मदद कैसे करे ?

बच्चा अपने घर और आसपास के माहौल से ही भाषा बोलना सीखता है। तो उस हिसाब से हम ही अपने बच्चो के पहले टीचर। तो देखते है बच्चो को बोलना कैसे सिखाये ?

  • अपने शिशु के साथ बातचीत करते रहे, या उसके साथ किसी न किसी खेल में शामिल हो।
  • शिशु भले ही बोलेगा नहीं पर आपकी भाषा को सुनेगा और समझेगा जरूर।
  • अपने बेबी को इशारो के साथ चीजे समझाए जैसे की पानी पिलाते समय “प्लीज हैव वाटर” बोलिये, जिससे बच्चे को अनुमान हो जायेगा की पानी को वाटर कहते है।
  • अपनी बात बोलने के बाद रुक कर बच्चे को ड देखे की बेबी का क्या रिस्पांस है।
  • अपने बेबी कोई भी प्ले कीजिये जिससे बच्चे एक्स्ट्रा एक्टिविटी में शामिल होंगे।
  • बेबी को शीशे के आगे ले जा कर पूछिए की “ये कौन है ?”
  • बेबी से उसी लहजे में बात करे जैसे आप किसी बड़े व्यक्ति से करते है।
  • बच्चो को बॉडी पार्ट्स की तरफ इशारा करते हुए समझाइये जैसे नोज, आईज।
  • बेबी को कहानी पढ़ कर सुनाये।
  • रात को सोते समय लोरी गा कर सुलाए।

ध्यान देने योग्य बातें

कुछ बेबी सामान्य बच्चो से थोड़ा लेट बोलते है, पर उसके लिए जरुरी है की बच्चे अपनी प्रतिक्रिया देना शुरू कर दे। कुछ निचे दी गयी बातों का ध्यान रखें अगर ऐसा कुछ होता है तो शिशु को डॉक्टर को जरूर दिखाए।

  • बच्चा 16 से 18 माह तक एक भी शब्द ना बोले।
  • बेबी 18 महीने तक 2 अक्षर वाले शब्द बोलकर इससे आगे ना बोल पाए।
  • एक साल की उम्र होने पर भी किसी भी शब्द का ना प्रयोग करना।

अगर आपको इनमे से कोई भी झलक अपने शिशु में दिखे तो अपने शिशु को डॉक्टर के पास जरूर ले कर जाए।