प्रेगनेंसी में कौन-कौन से काम करने पर पेट पर दबाव और जोर पड़ता है

गर्भावस्था के दौरान महिला को कोई भी ऐसा काम न करने की सलाह दी जाती है जिसके कारण पेट पर दबाव पड़ता है या जोर पड़ता है। क्योंकि ऐसे किसी भी काम को करने से प्रेग्नेंट महिला को तो परेशानी का अनुभव होता ही है लेकिन साथ ही पेट पर जोर पड़ने के कारण गर्भ में बच्चा भी दिक्कत महसूस कर सकता है।

ऐसे में प्रेगनेंसी की शुरुआत में यदि गर्भवती महिला ऐसा कोई काम करती है तो इसके कारण गर्भपात का खतरा होता है। साथ ही आखिरी तिमाही में पेट पर दबाव या जोर पड़ने वाले काम को करने की वजह से समय से पहले बच्चे के जन्म होने का खतरा भी बढ़ जाता है। तो आइये अब ऐसे कामों के बारे में जानते हैं जिनकी वजह से गर्भवती महिला के पेट पर दबाव पड़ सकता है।

पोछा लगाना

प्रेग्नेंट महिला यदि पैरों के भार बैठकर पोछा लगाती है। तो इसकी वजह से पेट पर दबाव पड़ता है जिसके कारण महिला व् बच्चे दोनों को दिक्कत महसूस हो सकती है। साथ ही यदि महिला खड़े होकर पोछा लगाती है और तेजी से और जोर लगाकर पोछा लगाती है तो इसकी वजह से भी प्रेग्नेंट महिला के पेट पर जोर पड़ता है।

बैठ कर कपडे धोना

प्रेगनेंसी के दौरान पैरों के भार बैठकर तो महिला को कपडे बिल्कुल भी नहीं धोने चाहिए। क्योंकि पैरों के भार बैठने पर और कपड़ों को घिसने में जोर लगाने के कारण महिला के पेट पर दबाव पड़ता है। साथ ही जब महिला मशीन का इस्तेमाल करती है और धुले हुए कपड़ों को बाहर निकालती है। तो कपड़ों में पानी भरा होने के कारण उसे उठाने पर भी महिला के पेट पर जोर पड़ता है। ऐसे में कपड़ों को अच्छे से निचोड़कर आपको बाहर निकालना चाहिए या किसी से इस काम के लिए मदद लेनी चाहिए।

पेट के बल सोना

गर्भावस्था की पहली तिमाही में तो नहीं लेकिन दूसरी तिमाही के बाद महिला का पेट थोड़ा बाहर निकलने लगता है। ऐसे में पेट बाहर निकलने पर यदि प्रेग्नेंट महिला उल्टा सोती है। तो इसके कारण भी महिला के पेट पर दबाव पड़ता है।

भारी सामान उठाना या सरकाना

यदि प्रेग्नेंट महिला भारी सामान को उठाती है या सरकाती है तो इसके कारण भी पेट पर जोर पड़ता है। जिसकी वजह से प्रेग्नेंट महिला व् बच्चे दोनों को दिक्कत हो सकती है।

झुककर काम करना

गर्भवती महिला यदि झुककर काम करती है तो इस कारण भी प्रेग्नेंट महिला के पेट पर दबाव पड़ता है। ऐसे में महिला को और बच्चे को दिक्कत न हो तो झुकने वाले किसी भी काम को करने से महिला को बचना चाहिए।

पैरों के बल बैठना

गर्भवती महिला किसी काम को करने के लिए या वैसे भी कभी पैरों के भार बैठ जाती है। तो इसकी वजह से भी गर्भवती महिला के पेट पर दबाव पड़ता है।

बाथरूम साफ़ करना

ज्यादातर महिलाएं यही सोचती होंगी की बाथरूम में काम करने से पैरों पर कैसे दबाव पड़ता है क्योंकि वो काम तो खड़े खड़े हो जाता है। लेकिन बाथरूम की टाइल साफ़ करने में, फ्लोर साफ़ करने में महिला को पैरों के बल भी बैठना पड़ता है। साथ ही उन्हें घिसकर साफ़ करते समय पेट पर जोर भी पड़ता है।

किचन की शेल्फ से सटकर काम करना

प्रेग्नेंट महिला जब किचन में काम करती है तो अधिकतर काम करते समय आपका पेट किचन की शेल्फ से सट जाता है। और ज्यादा देर तक आपका पेट किचन की शेल्फ से सटकर रहता है। तो इसके कारण भी गर्भवती महिला के पेट पर दबाव पड़ता है।

सम्बन्ध बनाते समय पार्टनर का वजन पड़ना

यदि प्रेग्नेंट महिला अपने पति के साथ सम्बन्ध बनाती है और उनका पार्टनर अपने पूरा वजन महिला पर डाल देता है। तो इसके कारण भी प्रेग्नेंट महिला के पेट पर दबाव पड़ता है। जिसके कारण माँ व् बच्चे दोनों को दिक्कत हो सकती है।

ज्यादा व्यायाम करने

गर्भवती महिला जब जरुरत से ज्यादा व्यायाम करती है तो इसके कारण भी गर्भवती महिला के पेट पर जोर पड़ता है। जिसके कारण पेट दर्द, ब्लीडिंग जैसी परेशानियां भी महिला को हो सकती है।

भागदौड़

बहुत अधिक भागदौड़ करने से प्रेग्नेंट महिला को थकावट तो होती ही है लेकिन साथ ही प्रेग्नेंट महिला के ज्यादा भागदौड़ करने के कारण पेट पर भी जोर पड़ता है।

तो यह हैं कुछ काम जिन्हे करने की वजह से प्रेग्नेंट महिला के पेट पर दबाव पड़ता है। जिससे प्रेगनेंसी के दौरान महिला की दिक्कतें भी बढ़ जाती है। ऐसे में प्रेग्नेंट महिला को जितना हो सके इन सभी कामों से परहेज करना चाहिए। ताकि माँ व् बच्चा दोनों को स्वस्थ रहने में मदद मिल सके।