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प्रेगनेंसी में करवा चौथ का व्रत रखते समय इन बातों का ध्यान रखें

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प्रेगनेंसी में करवा चौथ

करवा चौथ सुहागन स्त्रियों के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण दिन होता है क्योंकि इस दिन महिलाएं अपने पति की लम्बी उम्र के लिए निर्जल उपवास रखती है। पूरा दिन भूखे प्यासे रहने के बाद भी महिला के चेहरे पर बहुत उत्साह देखने को मिलता है क्योंकि यह दिन पति और पत्नी के रिश्ते को और भी खास और प्यार से भरपूर बनाता हैं। लेकिन प्रेग्नेंट महिलाओं को पूरा दिन भूखे प्यासे रहकर इस व्रत को रखने में थोड़ी कठिनाई ही सकती है, लेकिन फिर भी ज्यादातर गर्भवती महिलाएं इस व्रत को नहीं छोड़ती है और अपने पति की लम्बी उम्र के लिए इस उपवास को रखती है। ऐसे में गर्भवती महिला को करवा चौथ का उपवास रखते समय अपना दुगुना ध्यान देने की जरुरत होती है ताकि किसी भी तरह की परेशानी महिला या शिशु को न हो।

गर्भावस्था में करवा चौथ रखते हुए इन बातों का ध्यान रखें

यदि आप गर्भवती हैं और करवा चौथ का व्रत रखने जा रही हैं तो इसके लिए आपको बहुत सी बातों का ध्यान रखना जरुरी होता है। ताकि आपको व्रत के दौरान किसी भी तरह की परेशानी से बचे रहने में मदद मिल सके। तो आइये अब विस्तार से जानते हैं की प्रेगनेंसी में करवा चौथ का व्रत रखते हुए किन किन बातों का ध्यान रखना जरुरी होता है।

एक दिन पहले के लिए टिप्स

गर्भवती महिला को करवा चौथ से एक दिन पहले अपने खान पान में भी तरह की लापरवाही नहीं करनी चाहिए। भरपूर पोषक तत्वों से युक्त आहार का सेवन करना चाहिए, पानी को भरपूर मात्रा में पीना चाहिए। ताकि करवा चौथ का व्रत रखने पर आपको फिट रहने में मदद मिल सके, और डीहाइड्रेशन के कारण किसी भी तरह की परेशानी न हो।

सरगी

सरगी करवा चौथ के दौरान सुबह के समय लिया जाने वाला आहार होता है, इस आहार में भी महिला को कुछ ऐसी चीजों का शामिल करना चाहिए जिससे पूरा दिन महिला को कमजोरी का अहसास न हो। ऐसे में महिला दूध से बनी फेनियाँ, ड्राई फ्रूट, फल, दूध, रोटी, दही आदि का सेवन कर सकती है। साथ ही ज्यादा नमक व् चीनी से बनी चीजें, तेलीय व् मसालेदार आहार, ज्यादा कैलोरी व् वसा युक्त आहार का सेवन करने से महिला को बचना चाहिए। क्योंकि ऐसे आहार को पचाने में मुश्किल हो सकती है, जिसके कारण व्रत के दौरान महिला को परेशानी का अनुभव करना पड़ सकता है, साथ ही जितना हो सके चाय, कॉफ़ी का सेवन करने से भी बचें।

आराम करें

व्रत रखने पर पूरा दिन काम न करें या सारा समय बैठी न रहें क्योंकि इसके कारण बॉडी पार्ट्स में दर्द, थकान, कमजोरी व् भूख का अहसास भी हो सकता है। ऐसे में व्रत के दिन थोड़ी देर आराम भी जरूर करें।

कथा के बाद जरूर कुछ लें

प्रेग्नेंट महिला चाहे तो कथा के बाद फलाहार, चाय, दूध का सेवन कर सकती है इससे महिला को एनर्जी मिलती है। जिससे चाँद का इंतज़ार करने तक महिला को थकान व् कमजोरी का अहसास कम होता है।

व्रत खोलने के बाद ध्यान रखें

व्रत खोलने के बाद महिला को तुरंत ही आहार का सेवन नहीं करना चाहिए, क्योंकि महिला ने सुबह से कुछ भी नहीं खाया होता है ऐसे में एक दम से भर पेट खाने के कारण महिला को गैस व् एसिडिटी जैसी समस्या हो सकती है। ऐसे में इस परेशानी से बचने के लिए महिला को पहले भरपूर मात्रा में पानी पीना चाहिए और उसके थोड़ी देर बाद हल्के आहार का सेवन करना चाहिए। ताकि खाने को आसानी से पचाने में मदद मिल सके।

डॉक्टर से ले राय

यदि आपको प्रेगनेंसी में व्रत के दौरान उल्टी, चक्कर, बेहोशी, सिर दर्द जैसी परेशानी अधिक होती है तो आपको तुरंत डॉक्टर से राय लेनी चाहिए। साथ ही हो सके तो व्रत रखने से पहले एक बार डॉक्टर से जरूर पूछना चाहिए।

तो यह हैं कुछ टिप्स जिनका ध्यान गर्भवती महिला को करवा चौथ का व्रत रखते समय रखना चाहिए ताकि गर्भवती महिला को किसी भी तरह की परेशानी से बचाने में मदद मिल सकें।